उदयपुर (Udaipur) के महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (MPUAT) में डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार के व्यक्तित्व और विचारों पर संगोष्ठी आयोजित की गई। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का संदेश दिया गया।
उदयपुर
Keshav Baliram Hedgewar के व्यक्तित्व और कृतित्व पर मंगलवार को Maharana Pratap University of Agriculture and Technology, उदयपुर के सामुदायिक एवं व्यावहारिक विज्ञान महाविद्यालय में विचार संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में संकाय सदस्यों और विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और डॉ. हेडगेवार के जीवन व विचारों पर चर्चा की।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एवं कुलगुरु Pratap Singh ने अपने उद्बोधन में कहा कि डॉ. हेडगेवार एक महान देशभक्त, कुशल संगठनकर्ता और दूरदर्शी नेता थे। उन्होंने कहा कि उनका जीवन सादगी, अनुशासन और राष्ट्र सेवा के आदर्शों से ओतप्रोत रहा। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं और अपने भीतर देशभक्ति, अनुशासन तथा सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करें।
इस अवसर पर Rashtriya Swayamsevak Sangh के विभाग संघ चालक Hemendra Shrimali ने बताया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना डॉ. हेडगेवार ने वर्ष 1925 में की थी। उन्होंने विद्यार्थियों को समाज सेवा और राष्ट्रहित के कार्यों से जुड़ने की प्रेरणा दी।
अब पिन नहीं, चेहरा करेगा पेमेंट मंजूर | भीम ऐप में आया ऐसा फीचर, 5 हजार तक का ट्रांजैक्शन होगा झटपट
कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय की डीन Dhriti Solanki ने की। उन्होंने अतिथियों का पुष्पगुच्छ एवं उपरना पहनाकर स्वागत किया और संगोष्ठी के महत्व पर प्रकाश डाला। इस दौरान Vinod Yadav ने डॉ. हेडगेवार का विस्तृत जीवन परिचय प्रस्तुत करते हुए उनके विचारों और योगदान को रेखांकित किया।
कार्यक्रम का संचालन Anjali Juyal ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन सहायक अधिष्ठाता (छात्र कल्याण) Rupal Babel ने दिया। संगोष्ठी में उपस्थित विद्यार्थियों और शिक्षकों ने विषय पर गहरी रुचि दिखाई और इसे ज्ञानवर्धक बताया।
नई हवा खबरें अपने मोबाइल पर नियमित और डायरेक्ट प्राप्त करने के लिए व्हाट्सएप नंबर 9460426838 सेव करें और ‘Hi’ और अपना नाम, स्टेट और सिटी लिखकर मैसेज करें। आप अपनी खबर या रचना भी इस नंबर पर भेज सकते हैं।
धर्म बदला तो क्या रहेगा SC का हक? | सुप्रीम कोर्ट ने साफ कर दी कानूनी रेखा
‘घर से काम नहीं, ऑफिस आओ…’ | प्रेग्नेंट कर्मचारी को WFH न देने पर कोर्ट ने कंपनी पर ₹200 करोड़ ठोका
समंदर की गहराई से आपकी रसोई तक | ऐसे चलती है पेट्रोल-डीजल और गैस की दुनिया
‘नई हवा’ की खबरों को Subscribe करने के लिए हमारे WhatsApp Channel से जुड़ें।
