जयपुर
राजस्थान की राजधानी जयपुर में आरयू के संघटक कॉलेज राजस्थान कॉलेज में कुछ लोगों द्वारा शुक्रवार को नमाज पढ़ने को लेकर अब बवाल खड़ा हो गया है। इसके बाद अब सोमवार को कॉलेज परिसर में ABVP के कार्यकर्ताओं ने हनुमान चालीसा का पाठ किया। कॉलेज में नमाज पढ़ने को लेकर एबीवीपी ने अपना विरोध भी दर्ज कराया है।
ABVP ने कहा है कि धर्म के नाम पर कॉलेज की जमीन से खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा। सोमवार को बिरसा मुंडा जयंती को जनजाति गौरव दिवस के रूप में मनाते हुए ABVP प्रदेश मंत्री होशियार मीना और कार्यकर्ताओं ने राजस्थान कॉलेज कैम्पस में बिरसा मुंडा के चित्र पर पुष्पांजलि के बाद हनुमान चालीसा का पाठ किया। मीना ने आरोप लगाया कि सोमवार को राजस्थान कॉलेज में भगवान बिरसा की जयंती मनाई जा रही थी। इस दौरान पुलिस ने छात्रों को रोका और हमला किया। यह कांग्रेस की छोटी सोच को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा को हनुमान चालीसा बहुत पसंद था। इसलिए हमने हनुमान चालीसा का पाठ करके सांकेतिक रूप से यह मैसेज दिया है कि इस शिक्षा के मंदिर को कलंकित नहीं होने दिया जाएगा।
मीना ने कहा कि कॉलेज में सभी धर्मों के लोग पढ़ें, इस पर किसी को एतराज नहीं है। लेकिन कोई नमाज पढ़ने के लिए मस्जिद या दूसरे धर्म के लिए कॉलेज में जमीन मांगे, यह विद्यार्थी परिषद को स्वीकार नहीं करेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि स्टूडेंट ही नहीं, बल्कि बाहर के लोग भी आकर कॉलेज कैम्पस में नमाज अदा कर रहे हैं। यह शर्म की बात है। हमारे जीते जी कोई कॉलेज की जमीन नहीं ले सकता। शिक्षा के मंदिर में इस तरह की अप्रिय घटनाओं को हम सहन नहीं करेंगे।
NSUI नमाज के समर्थन में खुलकर सामने आई
कॉलेज परिसर में नमाज पढ़ने को लेकर ABVP के फ्रंट पर आने के बाद अब कांग्रेस की छात्र इकाई NSUI नमाज के समर्थन में खुलकर सामने आ गई है और एबीवीपी के विरोध में भी तैयारी शुरू कर दी है। NSUI से जुड़े कुछ छात्रों ने यूनिवर्सिटी इलाके में हंगाम भी किया है। इस दौरान उनकी पुलिस के साथ झड़प भी हुई । एनसएयूआई छात्र नेताओं का कहना है कि छात्रों को या तो अलग जगह आवंटित की जाए अथवा भी खुले में नमाज पढ़ने से रोका नहीं जाए।
एनएसयूआई के जयपुर जिलाध्यक्ष राजेश चौधरी ने आरोप लगाया है कि नमाज पर आपत्ति जताने वाले शिक्षक आरएसएस से जुड़े हुए थे। इसलिए उन्हें खुले में बैठकर नमाज पढ़ते हुए स्टूडेंट से आपत्ति हुई। किसी भी व्यक्ति के धर्म के नाम पर प्रताड़ित करना गलत है। एनएसयूआई ने भी कॉलेज कैम्पस और राजस्थान यूनिवर्सिटी में प्रोटेस्ट का कार्यक्रम रखा है।
यह था मामला
12 नवंबर को राजस्थान कॉलेज में कुछ स्टूडेंट्स ने नमाज पढ़ी थी। आपत्ति जताने पर पुलिस प्रशासन ने छात्रों को परिसर में नमाज पढ़ने से रोका। एनएसयूआई से जुड़े कुछ छात्र पुलिस प्रशासन से उलझ गए और कहासुनी हो गई। उन्होंने कहा कि या तो उन्हें खुले में नमाज पढ़ने दी जाए या फिर नमाज के लिए कॉलेज में अलग से जगह आवंटित की जाए। इसी बात को लेकर माहौल गरमा गया है।
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