उदयपुर
उदयपुर में मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय का 29वां दीक्षांत समारोह विभिन्न नवाचारों के साथ आयोजित हुआ। इसमें कुलाधिपति और राज्यपाल कलराज मिश्र ने 105 विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक और 180 को पीएचडी डिग्रियां प्रदान की।
विद्यार्थियों को कुल 89 गोल्ड मेडल दिए गए। इनमें से 51 पर छात्राओं ने कब्जा जमाया। 8 में से चार चांसलर मेडल भी छात्राओं ने ही पाए। गोल्ड मेडल में छात्राओं की इतनी संख्या देख कुलपति ने भी मातृ शक्तियों को प्रणाम किया। इस समारोह में पहली बार दीक्षांत रजिस्टर की शुरुआत की गई, जिसमें वितरित डिग्रियों और स्वर्ण पदक विजेताओं की सूचना दर्ज की गई। राज्यपाल मिश्र ने भी इसमें अपनी टिप्पणी लिखी।
इस मौके पर राज्यपाल कलराज मिश्र ने कहा कि दीक्षांत समारोह शिक्षा जगत का गौरवशाली क्षण होता है। विद्यार्थी के जीवन का भी यह ऐसा महत्वपूर्ण अवसर, जब सीखे हुए ज्ञान की पूर्णता के बाद उसे व्यावहारिक जीवन में उतारने के लिए खुद को प्रस्तुत करना होता है। दीक्षित विद्यार्थी जीवन के हर मोड़ और पड़ाव पर चुनौतियों का सामना करते हुए लोक कल्याण के लिए पूरी क्षमता से अपना ज्ञान समर्पित करें। उन्होंने कहा कि यह समय ज्ञान-विज्ञान से जुड़ी सूचनाओं के विस्फोट का है इसलिए ऐसी शिक्षा का प्रसार आप लोग करें जो विद्यार्थी को सभी दृष्टि से ज्ञान समर्थ बनाए।
दीक्षांत समारोह में 180 पीएचडी उपाधि धारकों को डिग्री प्रदान की गई । इसमें विज्ञान संकाय में 28 (11 छात्राएं), वाणिज्य संकाय 22 (8 छात्राएं), विधि संकाय में 3 (1 छात्रा), पृथ्वी पृथ्वी विज्ञान संकाय में 17 (3 छात्राएं), सामाजिक विज्ञान संकाय में 36 (19 छात्राएं), शिक्षा संकाय में 22 (15 छात्राएं), प्रबंध अध्ययन संकाय में 13 (2 छात्राएं), मानविकी संकाय में 39 (20 छात्राएं), को डिग्री प्रदान की गई। इसमें 149 विद्यार्थीयों ने स्वयं उपस्थित होकर अपनी पीएचडी की डिग्री प्राप्त की।
गत शैक्षणिक सत्र में उत्तीर्ण हुए 45861 स्नातक एवं 13132 स्नातकोत्तर विद्यार्थियों को डिग्री प्रदान करने का अनुमोदन कुलाधिपति द्वारा किया गया। इसमें विज्ञान संकाय में 4382 स्नातक 866 स्नातकोत्तर, वाणिज्य संकाय में 5573 स्नातक 3361 स्नातकोत्तर, विधि संकाय में 1131 स्नातक 121 स्नातकोत्तर, कला संकाय में 27108 स्नातक 8499 स्नातकोत्तर, शिक्षा संकाय में 7667 स्नातक 39 • स्नातकोत्तर तथा प्रबंध अध्ययन संकाय में 246 विद्यार्थियों को स्नातकोत्तर की डिग्री का अनुमोदन किया गया।
इस बार दीक्षांत समारोह में कुल 105 स्वर्ण पदक दिए गए। पदक और डिग्रियां लेने का उत्साह ऐसा रहा कि 74 छात्र-छात्राओं ने उपस्थित होकर इन्हें लिया। फिर राज्यपाल के साथ ग्रुप फोटो खिंचवाकर जीवन के इस बड़े अवसर की यादें सहेजी।
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