वैर के गांव जहाज स्थित श्री कारिस देव बाबा मंदिर पर देव बाबा मेले का शुभारंभ गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढम ने किया। अरावली की गोद में आयोजित मेले में राजस्थान सहित कई राज्यों से श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।
वैर (मुरारी शर्मा एडवोकेट)। अरावली पर्वतमाला की श्रृंखलाओं के बीच बसे गांव जहाज में आस्था का विशाल संगम उमड़ पड़ा है। श्रद्धालुओं की अटूट श्रद्धा के केंद्र श्री कारिस देव बाबा मंदिर पर आयोजित श्री देव बाबा मेले का उद्घाटन गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढम ने फीता काटकर किया।
उद्घाटन के बाद गृह राज्यमंत्री बेढम ने कहा कि मेले भारतीय संस्कृति की पहचान हैं और ऐसे आयोजन एकता, अखंडता, भाईचारे और प्रेम की भावना को मजबूत करते हैं। उन्होंने कहा कि धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन समाज, परिवार और देश में देशभक्ति तथा आपसी प्रेम की भावना को जागृत करने का काम करते हैं।
बेढम ने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार सांस्कृतिक पुनरुद्धार के साथ आस्था से जुड़े धार्मिक एवं लोक देवताओं के स्थलों के विकास के लिए संकल्प के साथ काम कर रही है। उन्होंने कहा कि श्री कारिस देव बाबा पशुपालकों, किसानों सहित सभी वर्गों के कल्याण के लिए जाने जाते हैं। उनका स्वाभिमान, संघर्ष और लोक कल्याण का संदेश आज भी समाज के लिए आदर्श है।
इस दौरान गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढम ने श्री कारिस देव बाबा की पूजा-अर्चना कर प्रदेश के किसानों, पशुपालकों और सभी लोगों की खुशहाली की कामना की।
28 सितंबर तक रहेगा मेले का आयोजन
श्री देव बाबा कारिस मेला कमेटी के सदस्य एवं गोठिया खुबीराम और लखन सिंह ने बताया कि गांव जहाज स्थित श्री कारिस देव मंदिर पर आस्था से भरा देव बाबा मेला जारी है, जो 28 सितंबर तक चलेगा। उन्होंने बताया कि मेले का मुख्य आयोजन और देव बाबा की जात 31 अगस्त से शुरू हो चुकी है, जो 6 सितंबर तक चलेगी।
इस अवसर पर मंदिर के गोठिया दीपीसिंह, सियाराम, शेर सिंह, रतिराम, नत्थी सिंह, जनक सिंह, खूबी राम और फत्ते सिंह गुर्जर सहित अन्य श्रद्धालुओं ने गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढम का स्वागत किया। सभी ने देव बाबा की पूजा-अर्चना में भाग लिया।
कई राज्यों से पहुंच रहे श्रद्धालु
मंदिर के गोठिया सियाराम ने बताया कि देव बाबा के प्रति श्रद्धा रखने वाले बड़ी संख्या में श्रद्धालु राजस्थान, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, गुजरात, मध्य प्रदेश और पंजाब सहित विभिन्न राज्यों से यहां पहुंच रहे हैं। श्रद्धालु पैदल यात्रा के अलावा रेलगाड़ियों और अन्य यातायात साधनों से गांव जहाज पहुंच रहे हैं।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मेला कमेटी, ग्राम पंचायत और क्षेत्र के श्रद्धालुओं की ओर से पेयजल, भोजन, आवास, सुरक्षा, रोशनी और पार्किंग सहित विभिन्न व्यवस्थाएं निःशुल्क की गई हैं।
रास्तों में भंडारे, भोजन से लेकर चिकित्सा तक की व्यवस्था
देव बाबा के श्रद्धालुओं ने अलग-अलग मार्गों पर आने वाले भक्तों के लिए भंडारों की व्यवस्था भी की है। बयाना से जहाज वाया वैर, हिंडौन से जहाज वाया बल्लभगढ़, नदबई से जहाज वाया हलैना-वैर, भरतपुर से जहाज वाया हंतरा-वैर तथा कलसाड़ा से जहाज वाया बल्लभगढ़ मार्गों पर श्रद्धालुओं की सेवा के लिए भंडारे संचालित किए जा रहे हैं।
इन भंडारों में भक्तजनों की ओर से भोजन, जलपान, आवास और चिकित्सा सहित आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। अरावली की वादियों में बसे जहाज गांव में अब देव बाबा के जयकारों के बीच श्रद्धा और आस्था का यह मेला लगातार परवान चढ़ रहा है।
नई हवा खबरें अपने मोबाइल पर नियमित और डायरेक्ट प्राप्त करने के लिए व्हाट्सएप नंबर 9460426838 सेव करें और ‘Hi’ और अपना नाम, स्टेट और सिटी लिखकर मैसेज करें। आप अपनी खबर या रचना भी इस नंबर पर भेज सकते हैं।
