टोक्यो
टोक्यो पैरालंपिक में भारत के जैवलिन थ्रोअर्स का धमाकेदार प्रदर्शन जारी है।टोक्यो पैरालिंपिक में सोमवार को भारतीय एथलीट्स ने धमाल मचा दिया। शूटर अवनि लेखरा के बाद जेवलिन थ्रोअर सुमित अंतिल ने भारत को एक और गोल्ड दिलाया है। उन्होंने F64 कैटेगरी में वर्ल्ड रिकॉर्ड के साथ गोल्ड मेडल अपने नाम किया। उन्होंने फाइनल में 68.55 मीटर का थ्रो किया। सुमित का 5वां थ्रो बेस्ट रहा। सुमित ने 66.95 मीटर, 68.08 मीटर, 65.27 मीटर, 66.71 मीटर और 68.55 मीटर का थ्रो किया। छठा थ्रो फाउल रहा।
सुमित आंतिल का सफर कठिनाइयों भरा रहा है। 6 साल पहले हुए सड़क हादसे में एक पैर गंवाने के बाद भी सुमित ने जिंदगी से कभी हार नहीं मानी और बुलंद हौसले से हर परिस्थिति का डटकर मुकाबला किया।
भारत ने पैरालिंपिक गेम्स में अब तक 2 गोल्ड, 4 सिल्वर और 1 ब्रॉन्ज समेत 7 मेडल जीते हैं। यह भारत का अब तक का सबसे सफल पैरालिंपिक बन गया है। इससे पहले 2016 रियो ओलिंपिक और 1984 ओलिंपिक में भारत ने 4-4 मेडल जीते थे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी एथलीट्स को बधाई भी दी है।
टोक्यो में फिर सुनने को मिला राष्ट्रगान
टोक्यो पैरालिंपिक्स में एक बार फिर राष्ट्रगान सुनने को मिला। पैरा शूटर अवनि लेखरा को पोडियम पर जब गोल्ड मेडल दिया गया, तब राष्ट्रगान से भारत का हर एक नागरिक गर्व से भर गया। इससे पहले टोक्यो ओलिंपिक्स में जेवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा को गोल्ड मेडल मिलने के वक्त भी ऐसा ही माहौल था। अब नीरज ने अवनि को इसके लिए शुक्रिया कहा है। टोक्यो ओलिंपिक की सिल्वर मेडलिस्ट मीराबाई चानू ने भी अवनि को बधाई दी है।
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