गुरु महिमा …

गुरु केवल ज्ञान नहीं देते, वे जीवन का मार्ग भी प्रकाशित करते हैं। गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर पढ़िए डॉ. अनिता जैन ‘विपुला’ की हृदयस्पर्शी कविता, जिसमें गुरु को ज्ञान-गंगा, जीवन-सार और मुक्ति का द्वार बताया गया है।

इंद्रजाल …

डॉ. अलका अग्रवाल की कविता ‘इंद्रजाल’ में बदलते बादलों, आकाश, हवा और प्रकृति के मायावी रूप का बेहद सुंदर और भावपूर्ण चित्रण किया गया है। पढ़ें प्रकृति और कल्पना का अनूठा काव्य।

हर आम आदमी का सपना …

पना घर बनाने का सपना, EMI का संघर्ष और बुढ़ापे की तन्हाई—आनन्द ‘अविरल’ की यह भावुक हिंदी कविता हर मिडिल क्लास परिवार की कहानी बयां करती है।

होठों पर मुस्कान …

होठों पर मुस्कान’ डॉ. अलका अग्रवाल की एक भावपूर्ण हिंदी कविता है, जो यादों, दर्द, आत्मसंयम और जीवन में मुस्कुराते रहने का प्रेरक संदेश देती है।

कागज़ पर ही सही…

यह कविता समाज में न्याय और अन्याय के दोहरे मापदंडों पर सवाल उठाती है। जब निर्दोष को छोटी भूल पर कठोर दंड और प्रभावशाली व्यक्ति को बड़ी गलती पर भी छूट मिलती है, तब एक संवेदनशील मन अपने शब्दों के माध्यम से मौन प्रतिरोध दर्ज करता है।