जयपुर
सचिन पायलट का पाला छोड़ अब गहलोत के प्रति जताई वफ़ादारी और बोले: गहलोत मेरे नेता थे और रहेंगे
राजस्थान में गत वर्ष सियासी संकट के समय पायलट गुट के साथ मानेसर बाड़ाबंदी में रहने वाले कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक भंवरलाल शर्मा को राजस्थान का मुख्यमंत्री नहीं बनने का अभी तक मलाल है। 15 जून मंगलवार को अपने निवास पर पत्रकारों से बातचीत के दौरान उन्होंने यह खुलासा किया और कहा मौजूदा मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की ही वजह से वे मुख्यमंत्री नहीं बन पाए। उन्होंने कहा कि गहलोत मेरा साथ देते तो मैं भी मुख्यमंत्री बन जाता। इस मलाल के बाद भी भंवरलाल शर्मा ने अब मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के प्रति अपनी वफादारी जताई है और कहा है कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत मेरे नेता थे और मेरे नेता रहेंगे। शर्मा ने कहा कि मैं सचिन पायलट को भी नेता मानता हूं, लेकिन अशोक गहलोत उनसे भी ऊपर हैं। भंवरलाल शर्मा चूरू के सरदारशहर से विधायक हैं।
वरिष्ठ विधायक भंवरलाल शर्मा ने कहा कि मेरी भी मुख्यमंत्री बनने की इच्छा थी लेकिन कई बार इच्छा का दमन भी करना पड़ता है। मैंने भी कभी सरकार गिराने की कोशिश की थी लेकिन उस वक्त अशोक गहलोत ने मेरा साथ नहीं दिया, वरना मैं भी तब सीएम बन गया होता। उस बात का मलाल मुझे आज भी है।
दो माह तक नहीं होगा मंत्रिमंडल विस्तार
भंवरलाल शर्मा ने राजस्थान में वर्तमान में मंत्रिमंडल विस्तार और फेरबदल को लेकर चल रहे सियासी घटनाक्रम पर भी सवालों के जवाब दिए और कहा कि दो माह तक मंत्रिमंडल विस्तार नहीं होगा, सीएम ने जो-जो वादे किए थे वो सब पूरे हो रहे हैं। भंवर लाल शर्मा ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर विश्वास जताते हुए कहा कि अभी 2 महीने तक मुख्यमंत्री अशोक गहलोत किसी से मिलने वाले नहीं है, इसलिए 2 महीने तक मंत्रिमंडल विस्तार और फेरबदल नहीं होगा। वरिष्ठ विधायक ने कहा कि वरिष्ठ नेताओं को उनका हक मिलना चाहिए, मेरी मंत्री बनने की कोई इच्छा नहीं है। अगर गहलोत मुझे मंत्री बनाएंगे तब भी मैं मंत्री नहीं बनूंगा। उन्होंने कहा कि मैंने सीएम से विप्र कल्याण बोर्ड बनाने की मांग की है। जल्द ही विप्र कल्याण बोर्ड का गठन होना चाहिए।
मेरी जनता के काम नहीं हो रहे थे इसलिए गया था मानेसर
भंवरलाल शर्मा से जब पुछा गया कि वे सचिन पायलट के साथ मानेसर क्यों गए थे? तो इसके जवाब में उनहोंने कहा कि मेरे क्षेत्र की जनता के काम नहीं हो हो रहे थे, इसलिए मैं पायलट कैंप के साथ मानेसर गया था लेकिन अब जो-जो वादे मुख्यमंत्री ने हमसे किए थे , वह सब वादे पूरे हो रहे हैं। सबके काम पूरे हो रहे हैं। भंवरलाल शर्मा ने कहा कि प्रदेश प्रभारी अजय माकन अपना काम कर रहे हैं। वरिष्ठ विधायक ने कहा कि बयान देना अलग बात और काम होना अलग बात है। आज पता ही नहीं चलता कौन किसके साथ है। सुबह मैं किसी के साथ वह शाम को किसी और के साथ हूं, राजनीति में सब चलता रहता है।
ये भी पढ़ें
- नारायणी माता से लौट रहा परिवार रास्ते में उजड़ गया, पिता और दो बच्चों की मौत | बांदीकुई में सामने से आई कार ने बाइक को मारी टक्कर, मां गंभीर
- राजस्थान में अगले 48 घंटे भारी, 300 MM बारिश ने बढ़ाई चिंता | 22 बांध लबालब, 220 अब भी खाली; 12 अगस्त को कई संभागों में भारी से अतिभारी बारिश का अलर्ट
- भरतपुर में व्यापारियों के संघर्ष की पहली जीत, 6 दुकानों का हुआ आवंटन | सड़क चौड़ीकरण से उजड़े कारोबारियों को मिली राहत, महासंघ बोला- लड़ाई अभी बाकी है
- 137 फर्मों पर पड़ा टैक्स विभाग का छापा तो खुला 547 करोड़ का खेल, 106 निकलीं फर्जी | ITC के नाम पर चल रहा था बड़ा नेटवर्क, 4.65 करोड़ की राशि तत्काल ब्लॉक
- चुनाव से पहले राजस्थान में बड़ा प्रशासनिक उलटफेर, 183 RAS अफसरों के तबादले | CM के OSD से लेकर ADM-SDM तक बदले, देखें किसे मिली कौन-सी जिम्मेदारी
- भुसावर में फिर गूंजे गायत्री मंत्र, हर रविवार होगा यज्ञ | गायत्री नव चेतना केंद्र की गतिविधियों को मिली नई शुरुआत, बड़ी संख्या में जुटे लोग
- महाकाल दर्शन से पहले धौलपुर के परिवार पर टूटा कहर, मां-बेटे-बहू की मौत | दो मासूम बेटे सुरक्षित बचे, ड्राइवर समेत दो गंभीर घायल; ओवरटेक करते वक्त हुआ हादसा
- एमएसएमई को समय पर भुगतान की राह होगी आसान, ऑनलाइन विवाद निपटारे से छोटे कारोबारियों को राहत
- चुनाव आचार संहिता का बहाना नहीं चलेगा, 2 साल पूरे होते ही शिक्षकों का नियमितीकरण जरूरी | हिमाचल हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, पिछली तारीख से मिलेगा वेतन-एरियर और वरिष्ठता का लाभ
- हिमाचल में पुलिस महकमे में बड़ा फेरबदल, 3 IPS समेत 57 अधिकारियों के तबादले | अमित यादव को साइबर क्राइम, मयंक चौधरी को IRB सकोह; जिलों में भी बदली पूरी कमान, यहां देखें पूरी लिस्ट
किसी के फोन टेप नहीं हुए
भंवरलाल शर्मा ने दावा किया कि सरकार में किसी विधायक के फोन टेप नहीं हो रहे हैं, यह केवल भ्रामक बातें हैं। साथ भंवर लाल शर्मा ने यह भी कहा कि किसी भी मामले को शांत कराने के लिए ही कमेटियां बनाई जाती है। गौरतलब है कि कांग्रेस आलाकमान की ओर से गठित कमेटी के द्वारा 10 माह बाद भी पायलट कैंप की सुनवाई नहीं करने से नाराजगी बढ़ती जा रही है जो अब खुलकर सामने आ चुकी है। पायलट कैंप के कई विधायक इन दिनों खूब बयानबाजी कर रहे हैं। तो वहीं पायलट के साथ-साथ आप गहलोत कैंप के विधायकों ने भी मंत्रिमंडल फेरबदल विस्तार की बात छोड़ दी है।
भाजपा में नहीं जाएंगे पायलट
वरिष्ठ विधायक भंवर लाल शर्मा ने स्पष्ट किया है कि सचिन पायलट किसी भी कीमत पर भाजपा में नहीं जाएंगे। कांग्रेस में सब कुछ एकजुट है। जबकि भाजपा के भीतर गुटबाजी बहुत ज्यादा है, भाजपा खुद अंतर कलह से जूझ रही है।
