राज्य की अनुदानित शिक्षण संस्थाओं से राजकीय सेवा में समायोजित किए गए 3114 शिक्षाकर्मी आज भी अनुदानित संस्था की नियुक्ति तिथि से “पुरानी पेंशन” की प्रतीक्षा में आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं। इसी पीड़ा को लेकर राजस्थान सेवानिवृत्त समायोजित शिक्षक कर्मचारी मंच
