भरतपुर
टीटागढ़ वैगंस लिमिटेड भरतपुर के मजदूरों ने 15 अप्रेल को अपने कार्य का बहिष्कार कर शोषण से मुक्त होने की मांग को लेकर फैक्ट्री के गेट पर धरना दिया और नारेबाजी की।
फैक्ट्री के श्रमिकों का कहना है कि कुशल मजदूरों को अकुशल मजदूरों से कम वेतन का भुगतान किया जा रहा है जबकि श्रम विभाग राजस्थान के अनुसार सभी कुशल श्रमिकों को घोषित न्यूनतम वेतन से भुगतान होना चाहिए। प्रबंधन द्वारा सभी कुशल कुशल श्रमिकों को ₹200 प्रतिदिन वेतन दिया जा रहा है। श्रमिकों का कहना है कि फैक्ट्री प्रबंधन के द्वारा वेतन की राशि बढ़ाने का आश्वासन पिछले 11 साल से दिया जा रहा है, लेकिन पूरा वेतन फैक्ट्री प्रबंधन के द्वारा नहीं दिया जा रहा है। मजदूरों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर श्रमिकों का आर्थिक एवं मानसिक शोषण करने का भी आरोप लगाया है।
इस प्रदर्शन का नेतृत्व सिमको के श्रमिक नेता पूरन सिंह डागर, मुकेश सिंह वाल्मीकि, कृपाल सिंह, भीम सिंह, मगन सिंह आदि ने किया। टीटागढ़ फैक्ट्री के श्रमिक अपनी मांगों को लेकर फैक्ट्री के बाहर तेज धूप में बैठे हुए हैं।
ये भी पढ़ें
- राजस्थान निकाय-पंचायत चुनाव से पहले बड़ा झटका; आखिर कौन-कौन से अफसर रातों-रात खो देंगे अपनी कुर्सी? पढ़ें आयोग का फरमान…
- TET नहीं पास की? अब नौकरी पर नहीं मंडराएगा खतरा… हिमाचल सरकार ने शिक्षकों को दी बड़ी राहत | सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के बाद शिक्षा विभाग का फैसला
- योगी कैबिनेट के बड़े फैसले: 35 हजार करोड़ के एक्सप्रेसवे, 50 हजार छात्राओं को स्कूटी और 220 नई इलेक्ट्रिक बसों को मंजूरी | बुनियादी ढांचे से लेकर शिक्षा, परिवहन और महिला सशक्तिकरण तक कई बड़े ऐलान
- करोड़ों की जमीन के लिए अनाथ युवक का कत्ल: खाकी का पूर्व अफसर बना हैवान, परिवार संग मिलकर युवक को घर से घसीटा, फरसे से काट डाला
- सुक्खू सरकार का बड़ा दांव: हिमाचल में 7500 पदों पर बंपर भर्ती को मंजूरी; आशा वर्करों, डॉक्टरों और शिक्षकों के लिए खुले सौगातों के द्वार | यहां देखें फैसलों की ‘सुपर लिस्ट’
